बक्सर, 01 मई (विक्रांत) अंतरराष्ट्रीय श्रमिक दिवस के अवसर पर ‘सृजन’ प्रेक्षागृह, रेलवे स्कूल खगौल में पूर्व मध्य रेल महिला कल्याण संगठन, दानापुर द्वारा भव्य श्रमिक/कर्मचारी सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम ने मेहनतकश रेलकर्मियों के समर्पण और संघर्ष को मंच पर लाकर उन्हें सम्मानित करने का अनूठा संदेश दिया।कार्यक्रम की शुरुआत मंडल रेल प्रबंधक विनोद कुमार एवं महिला कल्याण संगठन की अध्यक्षा श्रीमती निशी देव द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर की गई। पूरे सभागार में उत्साह और गर्व का माहौल देखने को मिला।

अपने संबोधन में अध्यक्षा निशी देव ने श्रमिकों के योगदान को रेखांकित करते हुए कहा कि यह दिन हर उस व्यक्ति को सम्मान देने का अवसर है, जो दिन-रात मेहनत कर देश की जीवनरेखा भारतीय रेल को गतिमान बनाए रखता है। उन्होंने कहा कि चाहे भीषण गर्मी हो, मूसलाधार बारिश या कड़ाके की ठंड, रेलकर्मी हर परिस्थिति में अपने कर्तव्य का निर्वहन करते हैं, तभी यात्रियों की यात्रा सुरक्षित और सुगम हो पाती है। उन्होंने भावुक शब्दों में कहा, “जब हम चैन से सफर करते हैं, तब हमारे रेल परिवार के साथी ट्रैक, स्टेशन, वर्कशॉप और लोको पायलट के रूप में लगातार सेवा में जुटे रहते हैं। उनकी मेहनत ही भारतीय रेल की असली ताकत है।”

इस अवसर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाले कुल 70 रेलकर्मियों एवं संविदा कर्मियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। ये सम्मान उनके समर्पण, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा की पहचान बने। कार्यक्रम का सांस्कृतिक आकर्षण मंडल सांस्कृतिक संघ, दानापुर द्वारा प्रस्तुत ‘मजदूर’ नाटक रहा, जिसने श्रमिकों के जीवन संघर्ष को जीवंत कर दर्शकों को भावुक कर दिया।इस मौके पर डॉ. श्रेया झा, डॉ. अपराजिता सिन्हा, श्रीमती स्वाति सहित महिला कल्याण संगठन की सदस्याएं एवं मंडल के कई अधिकारी उपस्थित रहे। अंत में संगठन की सचिव श्रीमती अराधना ने धन्यवाद ज्ञापन कर कार्यक्रम का समापन किया।


















