पटना, 12 अप्रैल (अविनाश कुमार) बिहार की सियासत में उस वक्त हलचल तेज हो गई जब पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने मुख्यमंत्री पद को लेकर बड़ा बयान दे दिया। रविवार को पटना में मीडिया से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि अगर नीतीश कुमार पद छोड़कर राज्यसभा जाते हैं, तो अगला मुख्यमंत्री जदयू से ही होना चाहिए। पप्पू यादव ने इस पद के लिए निशांत कुमार का नाम आगे बढ़ाते हुए उन्हें “उपयुक्त चेहरा” बताया।

हालांकि उन्होंने यह भी जोड़ा कि उनकी व्यक्तिगत राय में नीतीश कुमार को बिहार नहीं छोड़ना चाहिए, क्योंकि जनता ने उन्हें नेतृत्व की जिम्मेदारी सौंपी है। उन्होंने कहा कि यदि परिस्थितिवश नीतीश कुमार पद छोड़ते हैं, तो राज्य को एक विनम्र और संतुलित नेतृत्व की जरूरत होगी। उनके मुताबिक, मुख्यमंत्री ऐसा व्यक्ति होना चाहिए जो धर्म और जाति की राजनीति से ऊपर उठकर सभी वर्गों को साथ लेकर चले। इस दौरान पप्पू यादव ने भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए तंज कसा कि “जिसे कोई नहीं जानता, वही मुख्यमंत्री बनेगा।”

उन्होंने आरोप लगाया कि अगर अनुकंपा के आधार पर नेतृत्व तय होगा, तो मजबूत नेतृत्व उभर कर सामने नहीं आएगा। उन्होंने आगे कहा कि बिहार में बनने वाला अगला मुख्यमंत्री “दिल्ली से संचालित” होगा, न कि राज्य से। यह टिप्पणी प्रदेश की राजनीतिक स्वायत्तता को लेकर भी कई सवाल खड़े करती है। राजनीतिक जानकारों के मुताबिक, पप्पू यादव का यह बयान ऐसे समय आया है जब राज्य की राजनीति में संभावित बदलाव को लेकर अटकलें तेज हैं, जिससे सियासी गलियारों में चर्चाओं का दौर और गर्म हो गया है।














