बक्सर, 13 अप्रैल (विक्रांत) भागलपुर में किसानों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। कृषि विज्ञान केंद्र, भागलपुर में श्री अन्न (मिलेट्स) प्रसंस्करण इकाई का भव्य उद्घाटन डॉ. डी. आर. सिंह, कुलपति बिहार कृषि विश्वविद्यालय, सबौर द्वारा फीता काटकर किया गया। इस अत्याधुनिक इकाई से क्षेत्र के किसानों, खासकर महिला किसानों के लिए नए अवसरों के द्वार खुल गए हैं। उद्घाटन के दौरान कुलपति ने कहा कि मिलेट्स न केवल पोषण से भरपूर हैं, बल्कि किसानों की आय बढ़ाने का मजबूत जरिया भी बन सकते हैं।

उन्होंने जोर दिया कि इस इकाई के माध्यम से किसानों को मूल्य संवर्धन और उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ने का मौका मिलेगा। साथ ही किसान निर्धारित दर पर अपने उत्पादों का प्रसंस्करण कर बेहतर बाजार मूल्य हासिल कर सकेंगे। इस इकाई की जानकारी देते हुए वरीय वैज्ञानिक अनीता कुमारी ने बताया कि यहां 10 आधुनिक मशीनें स्थापित की गई हैं, जिनसे चीना, कोदो, मडुआ (रागी), कुटकी, सांवा और बाजरा जैसे मिलेट्स की सफाई, छिलाई, ग्रेडिंग, पिसाई और पैकेजिंग आसानी से की जा सकेगी।

यह परियोजना भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के अंतर्गत भारतीय श्री अन्न अनुसंधान संस्थान द्वारा प्रायोजित है और अनुसूचित जाति उप योजना (SCSP) के तहत स्थापित की गई है। इसका मुख्य उद्देश्य अनुसूचित जाति के किसानों और स्वयं सहायता समूहों को तकनीकी सहयोग और स्वरोजगार के अवसर प्रदान करना है। इस इकाई में मिलेट्स आटा, दलिया और रेडी-टू-कुक उत्पाद जैसे मूल्य संवर्धित खाद्य पदार्थ भी तैयार किए जाएंगे, जिससे बाजार में उनकी मांग और कीमत दोनों बढ़ेंगी।

कार्यक्रम में कई वरिष्ठ अधिकारी, वैज्ञानिक और छात्र उपस्थित रहे। विशेषज्ञों का मानना है कि यह पहल न केवल किसानों की आय बढ़ाएगी, बल्कि पोषण सुरक्षा, महिला सशक्तिकरण और ग्रामीण रोजगार सृजन में भी मील का पत्थर साबित होगी।















