पटना, 02 जुलाई (पटना डेस्क) भोजपुर जिले के बिलौटी गांव में हुए चर्चित भरत तिवारी एनकाउंटर मामले ने एक बार फिर बिहार की सियासत को गर्मा दिया है। इस मामले पर भारतीय जनता पार्टी की अलीनगर (दरभंगा) विधायक मैथिली ठाकुर ने बड़ा बयान देते हुए एनकाउंटर की पूरी प्रक्रिया पर सवाल खड़े किए हैं। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि यह घटना पूरी तरह गलत प्रतीत होती है और इसमें गंभीर अनियमितताएं सामने आई हैं। विधायक ने दोषी पुलिस अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि कानून से ऊपर कोई नहीं है। मैथिली ठाकुर ने कहा कि प्रथम दृष्टया जिस तरह की जानकारी सामने आई है, उससे लगता है कि एनकाउंटर में नियमों का पालन नहीं किया गया।

उनका कहना था कि यदि किसी पुलिस अधिकारी ने अपनी शक्तियों का दुरुपयोग किया है और गलत तरीके से कार्रवाई की है, तो उसे कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए। उन्होंने भरोसा जताया कि राज्य सरकार ने इस पूरे मामले का संज्ञान लिया है और जल्द ही दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। बीजेपी विधायक ने कहा कि कानून का राज तभी मजबूत माना जाएगा, जब किसी भी स्तर पर हुई गलती पर निष्पक्ष जांच हो और दोषी को बख्शा न जाए। उन्होंने कहा कि जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए पारदर्शी कार्रवाई बेहद जरूरी है। वहीं, बिहार में कानून-व्यवस्था को लेकर विपक्ष द्वारा लगातार उठाए जा रहे सवालों पर मैथिली ठाकुर ने तीखी प्रतिक्रिया देने से बचते हुए कहा कि विपक्ष समय-समय पर ऐसे बयान देता रहता है और उन्हें इस पर कुछ नहीं कहना है।

हालांकि उन्होंने दावा किया कि राज्य में कानून-व्यवस्था पहले की तुलना में काफी सख्त हुई है और अब अपराधी अपराध करने से डरने लगे हैं। अपने विधानसभा क्षेत्र अलीनगर का उदाहरण देते हुए विधायक ने कहा कि उन्होंने स्वयं कानून-व्यवस्था में सकारात्मक बदलाव महसूस किया है। उनके अनुसार, क्षेत्र के तीनों थानों की पुलिस चौबीसों घंटे सक्रिय रहती है और पूरी मुस्तैदी के साथ जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करने में जुटी है। उन्होंने कहा कि पुलिस की बढ़ी हुई सक्रियता के कारण अपराध पर प्रभावी नियंत्रण हुआ है और लोगों में सुरक्षा का भरोसा भी मजबूत हुआ है। विधायक के इस बयान के बाद भरत तिवारी एनकाउंटर मामले को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है।

















