पटना, 11 अक्टूबर (विक्रांत) स्वच्छता पखवाड़ा एवं विशेष अभियान 6.0 के तहत पूर्व मध्य रेल के दानापुर मंडल में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन को लेकर व्यापक जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। 1 से 15 अक्टूबर तक स्वच्छता पखवाड़ा तथा 2 से 31 अक्टूबर तक विशेष अभियान 6.0 के दौरान रेलवे परिसरों को स्वच्छ और पर्यावरण अनुकूल बनाने के लिए विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं। अभियान में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2026 के प्रति कर्मचारियों और संबंधित हितधारकों को जागरूक करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।

अभियान का मुख्य उद्देश्य रेलवे स्टेशनों, ट्रेनों, रेलवे कॉलोनियों और कार्यालयों में निकलने वाले कचरे का उचित पृथक्करण, संग्रहण और निर्धारित व्यवस्था के अनुसार निस्तारण सुनिश्चित करना है। इसके लिए रेलवे कर्मचारियों के साथ ऑनबोर्ड हाउसकीपिंग सर्विस (ओबीएचएस) कर्मियों, पैंट्री एवं खानपान कर्मचारियों, स्टेशन विक्रेताओं और ठेकेदारों को भी जागरूक किया जा रहा है।अभियान के दौरान जागरूकता सत्र और प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इनमें ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियमों के प्रमुख प्रावधानों, कचरे को अलग-अलग रखने की अनिवार्यता, थोक कचरा उत्पादकों की जिम्मेदारियों तथा नियमों के उल्लंघन पर लागू प्रावधानों की जानकारी दी जा रही है।

कर्मचारियों और विक्रेताओं से स्वच्छता मानकों का पालन करने की अपील भी की जा रही है।स्टेशनों, रेलवे कॉलोनियों और कार्यालयों में सरल भाषा में जागरूकता पोस्टर तथा सूचना, शिक्षा एवं संचार (आईईसी) सामग्री लगाई जा रही है। इनके माध्यम से गीले, सूखे, सैनिटरी और विशेष देखभाल वाले कचरे को अलग-अलग रखने और निर्धारित प्रक्रिया के तहत निस्तारण के लिए प्रेरित किया जा रहा है।इसके अलावा कर्मचारियों एवं विक्रेताओं के बीच जागरूकता प्रतिज्ञा और संकल्प कार्यक्रम भी आयोजित किए जा रहे हैं।

रेलवे का मानना है कि सामूहिक भागीदारी से न केवल परिसर स्वच्छ रहेंगे, बल्कि पर्यावरण प्रदूषण पर भी प्रभावी नियंत्रण संभव होगा। दानापुर मंडल की यह पहल स्वच्छ, स्वस्थ और पर्यावरण अनुकूल रेलवे परिसर तैयार करने की दिशा में अहम कदम मानी जा रही है।














