नई दिल्ली, 15 अप्रैल (अशोक “अश्क”) ऑटोमोबाइल जगत में एक बार फिर चीन ने तहलका मचा दिया है। मशहूर कार निर्माता Geely Auto ने अपनी नई AI आधारित हाइब्रिड तकनीक i-HEV पेश कर दुनिया को चौंका दिया है। हाईवे टेस्टिंग के दौरान इस तकनीक ने महज 2.22 लीटर ईंधन में 100 किलोमीटर का सफर तय कर लिया। यानी यह कार 45 किमी प्रति लीटर से भी ज्यादा का माइलेज देती है।

इस ऐतिहासिक उपलब्धि को Guinness World Records में भी दर्ज किया गया है। Geely का i-HEV सिस्टम किसी सामान्य हाइब्रिड तकनीक से कहीं आगे है। यह एक स्मार्ट “AI ब्रेन” की तरह काम करता है, जो गाड़ी चलाते वक्त बाहरी तापमान, नमी, सड़क की स्थिति और ऊंचाई जैसे कई कारकों का विश्लेषण करता है।

इसके आधार पर यह खुद तय करता है कि कब पेट्रोल इंजन चलाना है और कब इलेक्ट्रिक मोटर का इस्तेमाल करना है। इस तकनीक का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इंजन हमेशा अपनी सर्वोत्तम क्षमता पर काम करता है। इससे ईंधन की खपत बेहद कम हो जाती है और माइलेज में जबरदस्त बढ़ोतरी होती है। कंपनी का दावा है कि यह दुनिया का पहला हाइब्रिड सिस्टम है जो AI क्लाउड पावर पर आधारित है।

कार में 1.5 लीटर का पेट्रोल इंजन और शक्तिशाली इलेक्ट्रिक मोटर का संयोजन दिया गया है। यह कार महज 1.84 सेकंड में 0 से 30 किमी प्रति घंटे की रफ्तार पकड़ सकती है। साथ ही, ब्रेक लगाने पर उत्पन्न ऊर्जा को दोबारा बैटरी में स्टोर करने की सुविधा भी इसमें मौजूद है। Geely की यह तकनीक अब हाइब्रिड सेगमेंट में लंबे समय से दबदबा बनाए हुए Toyota जैसी कंपनियों को सीधी चुनौती दे रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह इनोवेशन भविष्य की स्मार्ट और किफायती ड्राइविंग का नया रास्ता खोल सकता है।














