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1 करोड़ तक मिलेगा लोन: 10 लाख तक अनुदानखाद्य उद्योग लगाने वालों के लिए सुनहरा मौका, आवेदन शुरू

पटना, 20 मई (पटना डेस्क) अरवल जिले में खाद्य प्रसंस्करण उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। जिला उद्योग केंद्र ने प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उन्नयन योजना के तहत इच्छुक उद्यमियों से ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए हैं। योजना के जरिए पारंपरिक खाद्य व्यवसाय से जुड़े लोगों के साथ नए उद्यमियों को भी उद्योग स्थापित करने के लिए आर्थिक सहायता दी जाएगी। जानकारी के अनुसार, जो उद्यमी पूंजी और संसाधनों की कमी के कारण अपने कारोबार का विस्तार नहीं कर पा रहे हैं, उन्हें योजना के तहत एक करोड़ रुपये तक का ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। वहीं खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में नया उद्योग लगाने वालों को भी एक करोड़ रुपये तक की वित्तीय सहायता मिलेगी।

उद्योग विभाग के अधिकारियों ने बताया कि विनिर्माण और सेवा क्षेत्र में नए उद्योग लगाने वाले सभी वर्गों के उद्यमियों को 35 प्रतिशत तक या अधिकतम 10 लाख रुपये का अनुदान दिया जाएगा। सरकार का उद्देश्य सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों को तकनीकी, वित्तीय और विपणन सहायता देकर उन्हें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय बाजार में पहचान दिलाना है। योजना के तहत आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन रखी गई है। इच्छुक उद्यमी आधार कार्ड, पैन कार्ड, फोटो, प्रोजेक्ट रिपोर्ट, शैक्षणिक एवं तकनीकी योग्यता प्रमाण पत्र और जाति प्रमाण पत्र के साथ आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के दौरान अपनी नजदीकी बैंक शाखा का चयन करना अनिवार्य होगा।

बैंक से ऋण स्वीकृत होने के बाद अनुदान राशि सीधे लाभुकों के खाते में भेजी जाएगी। सबसे खास बात यह है कि 10 लाख रुपये तक की परियोजनाओं के लिए किसी प्रकार की गारंटी देने की जरूरत नहीं होगी। इससे छोटे और मध्यम उद्यमियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।योजना में दूध से बने उत्पाद, मसाला उद्योग, पापड़, गुड़, चूड़ा, पोहा और बेकरी उद्योग को शामिल किया गया है। इसके अलावा डेयरी, पोल्ट्री, मत्स्य पालन, मधुमक्खी पालन, अगरबत्ती, टोकरी निर्माण, रबर उत्पाद, हस्तशिल्प और टेक्सटाइल आधारित उद्योग भी योजना के दायरे में हैं। सेवा क्षेत्र में ऑटो रिक्शा, कंप्यूटर प्रशिक्षण केंद्र, ब्यूटी पार्लर और वर्कशॉप जैसे व्यवसायों को भी शामिल किया गया है। अधिकारियों के मुताबिक योजना का संचालन वर्ष 2022 से किया जा रहा है। अब तक 517 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें 198 उद्यमियों को लाभ दिया जा चुका है। जिला उद्योग केंद्र ने इच्छुक उद्यमियों से जल्द आवेदन करने की अपील की है ताकि अधिक से अधिक लोग इस महत्वाकांक्षी योजना का लाभ उठा सकें।

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