बेतिया, 15 जून (विनय कुमार गुप्ता) पश्चिम चंपारण जिले के बेतिया स्थित मझौलिया प्रखंड के माधोपुर गांव में बना पुराना लोहे का पुल अब ग्रामीणों के लिए बड़ी चिंता का कारण बन गया है। वर्षों पहले निर्मित यह पुल जर्जर अवस्था में पहुंच चुका है और इसकी हालत लगातार खराब होती जा रही है। पुल की कमजोर संरचना को देखकर लोगों में किसी बड़े हादसे की आशंका गहराती जा रही है। ग्रामीणों के अनुसार यह पुल क्षेत्र के कई गांवों को जोड़ने वाला प्रमुख संपर्क मार्ग है। प्रतिदिन सैकड़ों लोग इसी रास्ते से आवागमन करते हैं। बावजूद इसके पुल की मरम्मत या पुनर्निर्माण की दिशा में अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई है।

पुल के कई हिस्सों में क्षति साफ दिखाई दे रही है, जिससे लोगों को जान जोखिम में डालकर सफर करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्होंने कई बार जनप्रतिनिधियों, सांसद और विधायक को इस समस्या से अवगत कराया है। हर बार आश्वासन तो मिला, लेकिन धरातल पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीणों का आरोप है कि विकास के दावे केवल कागजों तक सीमित हैं, जबकि हकीकत में लोग बदहाल सुविधाओं से जूझ रहे हैं। बरसात के मौसम में स्थिति और भी गंभीर हो जाती है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि समय रहते पुल की तकनीकी जांच कर पुनर्निर्माण नहीं कराया गया तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है।

साथ ही उन्होंने माधोपुर पंचायत के वार्ड संख्या-5 और 6 को जोड़ने वाली मुख्य सड़क के निर्माण की मांग भी दोहराई है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि किसी अप्रिय घटना की स्थिति में इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित विभाग और जनप्रतिनिधियों की होगी। फिलहाल क्षेत्र के लोग प्रशासन की त्वरित कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं।













