पटना, 17 अप्रैल (अविनाश कुमार) बिहार में मौसम ने अचानक करवट लेकर लोगों को चौंका दिया है। जहां एक ओर शुक्रवार और शनिवार को सीमांचल के जिलों अररिया, कटिहार, किशनगंज और पूर्णिया में गरज-चमक, तेज आंधी और हल्की बारिश की संभावना जताई गई है, वहीं दूसरी ओर 19 अप्रैल से प्रदेश में भीषण गर्मी की वापसी का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के अनुसार गुरुवार को पूरवा हवा के असर से राज्य के अधिकांश हिस्सों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई।

कई शहरों के अधिकतम तापमान में 5.4 डिग्री सेल्सियस तक की कमी आई, जिससे लोगों को अस्थायी राहत मिली। हालांकि न्यूनतम तापमान में 4.3 डिग्री की बढ़ोतरी ने उमस का अहसास भी कराया। गुरुवार को बिहार में मौसम के दो अलग-अलग रूप देखने को मिले। दक्षिण बिहार के रोहतास, भभुआ और औरंगाबाद जैसे जिलों में पछुआ हवा के कारण तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया, जबकि राज्य के अन्य 35 जिलों में पूरवा हवा के चलते तापमान 40 डिग्री से नीचे बना रहा।

कुछ इलाकों में तो पारा गिरकर 29.1 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।राज्य में दर्ज अधिकतम तापमान 29.1 से 41.6 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। रोहतास के डेहरी में सबसे अधिक 41.6 डिग्री, भभुआ में 41.5 और औरंगाबाद में 40.3 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।राजधानी पटना में भी मौसम का मिला-जुला असर देखने को मिला। यहां पूरवा हवा के कारण अधिकतम तापमान 4.9 डिग्री गिरकर 34.0 डिग्री पर आ गया, जबकि न्यूनतम तापमान 2.6 डिग्री बढ़कर 25.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि फिलहाल दो दिनों तक राहत के संकेत हैं, लेकिन रविवार से पछुआ हवा के तेज होने के साथ ही तापमान में तेजी से वृद्धि होगी। इससे एक बार फिर प्रदेश भीषण गर्मी और लू की चपेट में आ सकता है। विशेषज्ञों के अनुसार पूरवा और पछुआ हवाओं के इस टकराव से मौसम में उतार-चढ़ाव जारी रहेगा। ऐसे में लोगों को सतर्क रहने और बदलते मौसम के अनुसार अपनी दिनचर्या में सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

















