पटना, 26 सितम्बर (पटना डेस्क) बिहार में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने सीमांचल और कोसी क्षेत्र में संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने की कवायद तेज कर दी है। भागलपुर, पूर्णिया समेत कोसी-सीमांचल के इलाकों में सांगठनिक गतिविधियों को गति देने की जिम्मेदारी नवनियुक्त संगठक अनंत नारायण मिश्र को दी गई है। बिहार पहुंचने के बाद वह प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी के साथ इन क्षेत्रों का दौरा करेंगे। दौरे के दौरान पार्टी की जमीनी संगठनात्मक स्थिति, कार्यकर्ताओं की सक्रियता और स्थानीय राजनीतिक-सामाजिक परिस्थितियों की जानकारी जुटाई जाएगी। भाजपा के लिए सीमांचल और कोसी लंबे समय से संगठनात्मक विस्तार की दृष्टि से महत्वपूर्ण क्षेत्र रहे हैं।

पूर्णिया, कटिहार, अररिया, किशनगंज समेत आसपास के जिलों में पार्टी मंडल से लेकर बूथ स्तर तक गतिविधियां बढ़ाने की तैयारी में है।प्रस्तावित दौरे के दौरान जिलाध्यक्षों, जिला पदाधिकारियों, मंडल अध्यक्षों और प्रमुख कार्यकर्ताओं के साथ बैठकें होंगी। इनमें बूथों की मौजूदा स्थिति, संगठन से जुड़े लंबित कार्यों और आगामी कार्यक्रमों की तैयारियों की समीक्षा की जाएगी। स्थानीय कार्यकर्ताओं से सीधे संवाद कर क्षेत्र की राजनीतिक और सामाजिक परिस्थितियों की जानकारी लेने पर भी जोर रहेगा। भाजपा के इस अभियान में सीमांचल के स्थानीय मुद्दों और सामाजिक संरचना को समझना भी अहम माना जा रहा है। अलग-अलग जिलों की परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए संगठनात्मक गतिविधियों की रणनीति पर चर्चा की जाएगी।

पूर्णिया और आसपास का क्षेत्र सीमांचल की राजनीति में महत्वपूर्ण है, जबकि कोसी क्षेत्र का भी अपना अलग राजनीतिक प्रभाव है। भागलपुर को इस सांगठनिक फोकस में शामिल किए जाने से पार्टी का दायरा और व्यापक हुआ है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि अनंत नारायण मिश्र के दौरे के बाद इन क्षेत्रों में बूथ स्तर पर संगठनात्मक गतिविधियों को किस तरह गति दी जाती है और कार्यकर्ताओं के बीच समन्वय को कितना मजबूत किया जाता है।

















