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खेती बचाने की हुंकार: किसान महासभा का सदस्यता अभियान तेज, मुफ्त खाद-बीज और बिजली की उठी मांग

समस्तीपुर, 20 जून (मोहम्मद जमशेद) किसानों की समस्याओं और खेती-किसानी को बचाने के मुद्दे को लेकर अखिल भारतीय किसान महासभा ने शुक्रवार को ताजपुर प्रखंड क्षेत्र में व्यापक सदस्यता अभियान चलाया। बरतल्ला, चकहैदर समेत विभिन्न गांवों और खेत-खलिहानों में पहुंचे संगठन के नेताओं ने किसानों से सीधा संवाद स्थापित कर उन्हें संगठन से जोड़ने का आह्वान किया। अभियान के दौरान बड़ी संख्या में किसानों ने सदस्यता ग्रहण कर संगठन के प्रति अपना समर्थन व्यक्त किया। सदस्यता अभियान का नेतृत्व किसान महासभा के प्रखंड अध्यक्ष ब्रह्मदेव प्रसाद सिंह तथा भाकपा माले प्रखंड सचिव सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने संयुक्त रूप से किया।

इस दौरान मो. नसीम, रामबृक्ष राय, अरुण राय, विपीन कुमार समेत कई कार्यकर्ता और किसान नेता भी मौजूद रहे। नेताओं ने गांव-गांव जाकर किसानों को संगठन की नीतियों, किसान आंदोलनों और अधिकारों की लड़ाई से जुड़े मुद्दों की जानकारी दी।अभियान के दौरान नेताओं ने कहा कि वर्तमान समय में खेती किसानों के लिए लगातार घाटे का सौदा बनती जा रही है। डीजल, खाद, बीज, सिंचाई और कृषि यंत्रों की बढ़ती कीमतों ने किसानों की कमर तोड़ दी है। दूसरी ओर किसानों को उनकी उपज का उचित और लाभकारी मूल्य नहीं मिल पा रहा है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति लगातार कमजोर होती जा रही है।

किसान महासभा के नेताओं ने सरकार से किसानों को नि:शुल्क खाद, बीज, बिजली, पानी तथा कृषि यंत्र उपलब्ध कराने की मांग की। उनका कहना था कि यदि किसानों को खेती के लिए जरूरी संसाधन मुफ्त या रियायती दरों पर उपलब्ध कराए जाएं, तो उत्पादन लागत में भारी कमी आएगी और किसानों की आमदनी बढ़ेगी। नेताओं ने चेतावनी भरे अंदाज में कहा कि यदि खेती-किसानी को बचाने के लिए ठोस कदम नहीं उठाए गए तो ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर गंभीर असर पड़ सकता है। उन्होंने किसानों से संगठित होकर अपने अधिकारों के लिए संघर्ष तेज करने का आह्वान किया और कहा कि किसानों की आय बढ़ाने तथा कृषि क्षेत्र को मजबूत बनाने की लड़ाई आगे भी जारी रहेगी।

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