
समस्तीपुर, 24 अप्रैल (रंजीत कुमार) जिले के विभूतिपुर थाना क्षेत्र के महिषी पंचायत स्थित रुपौली गांव में शुक्रवार की सुबह उस वक्त कोहराम मच गया, जब एंबुलेंस से 25 वर्षीय मजदूर मोहम्मद कलामत का शव घर पहुंचा। सायरन की आवाज सुनते ही ग्रामीणों की भीड़ उमड़ पड़ी और हर आंख नम हो गई। मृतक की पहचान महरुद इस्लाम के पुत्र के रूप में हुई है।बताया जाता है कि कलामत करीब 8-9 महीने पहले गांव के एक ठेकेदार के साथ काम की तलाश में कर्नाटक गया था, जहां वह एक प्राइवेट कंपनी में पानी की टंकी बनाने का काम करता था।

20 अप्रैल की रात उसकी लाश एक सरकारी शेड में लोहे के एंगल से तौलिए के फंदे से लटकी हुई संदिग्ध हालत में मिली, जिससे पूरे मामले पर सवाल खड़े हो गए हैं। घटना की सूचना मिलते ही मृतक की पत्नी शहनाज़ खातून कर्नाटक पहुंची। पुलिस के समक्ष दिए बयान में उसने बताया कि 20 अप्रैल की रात करीब 12 बजे उसके पति ने वीडियो कॉल कर कहा था कि “मैं तुम्हारे बिना नहीं रह सकता, फांसी लगा लूंगा।” इसके बाद मोबाइल बंद हो गया। पत्नी के अनुसार, वह पहले भी घर आने की बात करते थे, लेकिन उसने कुछ दिन और रुककर कमाने की सलाह दी थी।

मोबाइल बंद होने पर जब ठेकेदार को सूचना दी गई, तो खोजबीन के बाद कलामत का शव शेड में मिला। पत्नी ने इसे आत्महत्या बताया है, लेकिन परिजनों ने ठेकेदार पर हत्या का आरोप लगाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। शुक्रवार को शव गांव पहुंचते ही परिजनों में चीत्कार गूंज उठा। मृतक के तीन छोटे-छोटे बच्चे हैं, जिनका रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में मातमी सन्नाटा पसरा हुआ है।

घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय जनप्रतिनिधि मौके पर पहुंचे और पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाया। साथ ही ठेकेदार और परिजनों के बीच बातचीत कर मामले को सुलझाने की कोशिश भी की जा रही है। फिलहाल, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि यह आत्महत्या है या हत्या। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और सच्चाई सामने आने का इंतजार किया जा रहा है।
















