पटना, 09 अगस्त (अविनाश कुमार) बिहार की शराबबंदी नीति को लेकर केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने एक बार फिर बड़ा बयान देकर सियासी हलचल तेज कर दी है। उन्होंने कहा कि शराबबंदी कानून का उद्देश्य पूरी तरह सही है, लेकिन जमीनी स्तर पर इसके क्रियान्वयन में गंभीर खामियां हैं, जिसका खामियाजा आम और गरीब लोगों को भुगतना पड़ रहा है। मांझी ने कहा कि कानून का दुरुपयोग नहीं होना चाहिए।

यदि किसी नीति के लागू होने के दौरान निर्दोष और गरीब तबका परेशान होता है, तो सरकार को उस पर गंभीरता से विचार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि कानून का प्रभावी और निष्पक्ष पालन ही उसकी सफलता की असली कसौटी है। केंद्रीय मंत्री ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से आग्रह किया कि शराबबंदी कानून के कार्यान्वयन की समीक्षा कर आवश्यक सुधार किए जाएं, ताकि गरीब और कमजोर वर्ग अनावश्यक कार्रवाई का शिकार न बने।

उन्होंने कहा कि सरकार को ऐसी व्यवस्था बनानी चाहिए, जिससे कानून का उद्देश्य भी पूरा हो और किसी निर्दोष व्यक्ति को परेशानी का सामना न करना पड़े। मांझी के इस बयान के बाद बिहार में शराबबंदी कानून को लेकर राजनीतिक चर्चाएं एक बार फिर तेज हो गई हैं।













