मधुबनी, 03 नवंबर (आशीष यादव) बिहार के मधुबनी जिले के बलिराजगढ़ गोलीकांड के बाद इलाके में तनाव चरम पर है। एक ग्रामीण की हत्या और तीन लोगों को गोली मारने के आरोपी फरार एएसआई चंद्रमोहन सिंह की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने पांच विशेष टीमें गठित की हैं। आरोपी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है। उसे निलंबित करने के साथ पुलिस सेवा से बर्खास्त करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने मंगलवार को बाबूबरही-खुटौना मुख्य मार्ग जाम कर पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मियों को लोगों ने करीब आधा किलोमीटर तक खदेड़ दिया। पुलिस को पीछे हटना पड़ा। तनाव को देखते हुए अतिरिक्त बल तैनात किया गया है।

जानकारी के अनुसार, सोमवार देर रात चंद्रमोहन सिंह एक महिला के घर पहुंचा था। इसी दौरान पड़ोस की महिला ने दरवाजा बाहर से बंद कर शोर मचाया। ग्रामीणों के जुटने पर घर के अंदर घिरे एएसआई ने खिड़की से सरकारी सर्विस रिवॉल्वर निकालकर फायरिंग कर दी। ग्रामीणों ने पांच-छह राउंड गोली चलने की बात कही, जबकि एसएसपी योगेंद्र कुमार ने शुरुआती जानकारी में तीन-चार राउंड फायरिंग बताई थी। गोलीबारी में अशोक यादव की मौत हो गई, जबकि फूलो देवी, विजेंद्र यादव और धनिक लाल यादव घायल हो गए। एसएसपी योगेंद्र कुमार के मुताबिक, आरोपी की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी जारी है। सही सूचना देने वाले को 25 हजार रुपये मिलेंगे। आरोपी के खिलाफ बाबूबरही थाने में हत्या की प्राथमिकी दर्ज है। गिरफ्तारी के बाद स्पीडी ट्रायल चलाने का प्रयास होगा।

चंद्रमोहन सिंह जुलाई 2025 में पिरोखर के पास डायल-112 वाहन और बाइक की टक्कर में नाबालिग की मौत के मामले में भी निलंबित हुआ था। बलिराजगढ़ पुरातात्विक स्थल की सुरक्षा में तैनात एएसआई की इस करतूत से पुलिस महकमे पर सवाल उठ रहे हैं। एसएसपी अस्पताल में घायलों से मिलने के बाद बाबूबरही क्षेत्र में कैंप कर रहे हैं। उन्होंने लोगों से अफवाहों से बचने और आरोपी की जानकारी पुलिस को देने की अपील की है।













