नालंदा, 18 जून (अविनाश पांडेय) नालंदा जिले के नगरनौसा में डिग्री कॉलेज के संचालन स्थल को लेकर चल रहा विवाद गुरुवार को अचानक हिंसक झड़प में बदल गया। कॉलेज को प्रखंड मुख्यालय में स्थानांतरित करने की मांग को लेकर आयोजित सड़क जाम के दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच जमकर पथराव हुआ। हालात बेकाबू होते देख पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। घटना के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है तथा अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है। जानकारी के अनुसार, एसएफआई की राज्य अध्यक्ष कांति कुमारी के आह्वान पर छात्र-छात्राओं और विभिन्न संगठनों द्वारा सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया जा रहा था।

प्रशासन को पहले से ही आंदोलन की जानकारी थी, इसलिए सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। इसी बीच पुलिस ने एहतियातन कुछ आंदोलनकारी नेताओं को हिरासत में लेना शुरू किया। इससे प्रदर्शनकारी उग्र हो गए और पुलिस पर रोड़ेबाजी शुरू कर दी।देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच पथराव होने लगा। सड़क पर अफरा-तफरी मच गई और यातायात पूरी तरह बाधित हो गया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने लाठीचार्ज कर भीड़ को तितर-बितर किया। इस दौरान कई लोगों को हल्की चोटें भी आई। पुलिस ने मौके से सात लोगों को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है।दरअसल, नगरनौसा में डिग्री कॉलेज की स्थापना को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है। 11 मई को पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय के अंतर्गत नवस्थापित कॉलेज के लिए प्राचार्य की नियुक्ति के बाद लोदीपुर स्थित परिसर से पढ़ाई शुरू की गई थी।

तभी से एक वर्ग कॉलेज को नगरनौसा मुख्यालय में संचालित करने की मांग कर रहा है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि कॉलेज का संचालन नगरनौसा बाजार स्थित बालिका उच्च विद्यालय से शुरू किया जाए और मुख्यालय के समीप उपलब्ध सरकारी भूमि पर स्थायी भवन बनाया जाए। वहीं दूसरे पक्ष का तर्क है कि लोदीपुर में पर्याप्त भूमि और भवन उपलब्ध हैं, इसलिए फिलहाल वहीं से कॉलेज संचालित होना चाहिए। कॉलेज को लेकर क्षेत्र दो गुटों में बंट गया है। प्रशासन पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए है और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।














