मुजफ्फरपुर, 28 अक्टूबर (संतोष गुप्ता) मुजफ्फरपुर जिले के गायघाट थाना क्षेत्र में एनएच-27 पर हुए भीषण सड़क हादसे ने एक परिवार की खुशियां छीन ली। हादसे में घायल दरभंगा के दो सगे भाइयों में बड़े भाई की इलाज के दौरान मौत हो गई, जबकि छोटे भाई की हालत गंभीर बनी हुई है। उसे बेहतर इलाज के लिए पटना रेफर किया गया है। उधर, मौत के बाद निजी अस्पताल में इलाज के 75 हजार रुपये के बिल को लेकर ऐसा विवाद हुआ कि परिजनों को 24 घंटे से अधिक समय तक शव के लिए इंतजार करना पड़ा। मृतक की पहचान दरभंगा के विश्वविद्यालय थाना क्षेत्र अंतर्गत चूनाभट्टी निवासी मुकेश महतो के 18 वर्षीय पुत्र अमित कुमार महतो के रूप में हुई है।

अमित दरभंगा जंक्शन स्थित रेलवे स्टॉल पर काम करता था। जानकारी के अनुसार, 22 अक्टूबर को वह अपने 16 वर्षीय छोटे भाई सोनू कुमार महतो के साथ किराये की कार से मुजफ्फरपुर जा रहा था। इसी दौरान गायघाट के पास एक अज्ञात वाहन से टक्कर के बाद कार पलट गई। हादसे में दोनों भाई गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि चालक को मामूली चोट आई। दुर्घटना के बाद चालक मौके से फरार हो गया।सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को अस्पताल पहुंचाया। बाद में परिजन बेहतर इलाज के लिए दोनों भाइयों को दरभंगा के अल्लपट्टी स्थित एक निजी अस्पताल ले गए। वहां सोमवार शाम करीब चार बजे इलाज के दौरान अमित ने दम तोड़ दिया। छोटे भाई सोनू की हालत लगातार गंभीर बनी रही।

अमित की मौत के बाद अस्पताल प्रबंधन ने इलाज के एवज में 75 हजार रुपये जमा करने को कहा। मृतक के चाचा अरुण महतो के मुताबिक, पूरी रकम देने में असमर्थता जताने पर अस्पताल कर्मियों ने शव सौंपने से इनकार कर दिया। इसके बाद परिजनों और अस्पताल कर्मियों के बीच शव लेने को लेकर लंबी खींचतान चली। मंगलवार रात 45 हजार रुपये जमा करने के बाद शव परिजनों को सौंपा गया। बुधवार को बेंता पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इधर, सोनू को डीएमसीएच से पटना रेफर किया गया है। परिवार के कमाऊ सदस्य अमित की मौत से बुजुर्ग माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है।














