बक्सर, 24 अगस्त (विक्रांत) बक्सर-पटना मार्ग (एनएच-922) और डुमरांव-बिक्रमगंज मार्ग (एनएच-120) पर लगातार हो रही सड़क दुर्घटनाओं ने जिला प्रशासन की चिंता बढ़ा दी है। हादसों की बढ़ती संख्या को देखते हुए जिला परिवहन विभाग ने दोनों प्रमुख सड़कों की जांच कर 50 से अधिक संवेदनशील स्थानों को ब्लैक स्पॉट के रूप में चिह्नित किया है। इन स्थानों पर दुर्घटनाओं को रोकने के लिए तत्काल मानकों के अनुरूप सुरक्षा उपाय लागू करने का निर्देश दिया गया है।जिला परिवहन पदाधिकारी ने 20 अगस्त को एनएचएआई के परियोजना निदेशक, कार्यान्वयन इकाई पटना, सासाराम और बक्सर, साइट इंजीनियर बक्सर तथा पथ निर्माण विभाग के कार्यपालक अभियंता बक्सर को पत्र भेजा है। पत्र के माध्यम से चिह्नित ब्लैक स्पॉट पर दुर्घटना रोकने के लिए आवश्यक इंतजाम तत्काल करने का अनुरोध किया गया है।

साथ ही संबंधित विभागों से दो दिनों के अंदर अनुपालन प्रतिवेदन भी मांगा गया है। प्रशासन की इस कार्रवाई से दुर्घटना संभावित क्षेत्रों में जल्द सुधार की उम्मीद जगी है।जिला परिवहन विभाग के अनुसार एनएच-922 पर महाराजा कोठी, नया भोजपुर सब्जी मंडी, ढकाईच के पास, कृष्णा ब्रह्म ओवरब्रिज, नुआंव ओवरब्रिज, गरहथा हनुमान मंदिर, ब्रह्मपुर ओवरब्रिज, निमेज मोड़ पेट्रोल पंप के पास, पुरवा मोड़ (ब्रह्मपुर चौराहा) और कुआवन मोड़ को ब्लैक स्पॉट के रूप में चिह्नित किया गया है।वहीं डुमरांव-बिक्रमगंज मार्ग पर स्टेशन रोड स्थित त्रिमुहानी विष्णु मंदिर, टेढ़की पुल, जीतवाडीह, दक्षिणाव डेरा, कोरान सराय बाजार मोड़, परमडीह पुल, पुराना भोजपुर ओवरब्रिज, नावाडेरा चौक, प्रताप सागर चौक, दलसागर ओवरब्रिज, पड़री चौक और चुरामनपुर स्थित मदन वाटिका नर्सरी के पास के स्थान शामिल हैं।

इसके अलावा बक्सर गोलंबर, अहिरौली मोड़, सदगुरु आईटीआई के सामने, ज्योति चौक, डीएवी मोड़, स्टेशन रोड और आईटीआई मोड़ समेत अन्य दुर्घटना संभावित स्थानों को भी सूची में शामिल किया गया है।प्रशासन का जोर ब्लैक स्पॉट पर संकेतक, बैरिकेडिंग, रोशनी, सड़क सुरक्षा संबंधी चेतावनी बोर्ड और अन्य आवश्यक उपायों को प्रभावी बनाने पर है। लगातार हादसों के बीच अब देखना होगा कि संबंधित विभाग चिन्हित स्थलों पर सुरक्षा इंतजाम कितनी तेजी से लागू करते हैं। दो दिनों में मांगी गई अनुपालन रिपोर्ट के बाद कार्रवाई की वास्तविक स्थिति भी स्पष्ट होने की उम्मीद है।














