बक्सर, 28 जुलाई (विक्रांत) युवाओं के रोजगार, शिक्षा, पेपर लीक और महंगाई जैसे मुद्दों को लेकर मंगलवार को बक्सर के ज्योति चौक पर युवा राष्ट्रीय जनता दल (युवा राजद) के बैनर तले एक दिवसीय शांतिपूर्ण धरना एवं पैदल मार्च का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता युवा राजद के जिलाध्यक्ष सत्येंद्र कुमार आजाद ने की, जबकि मुख्य विंग के जिलाध्यक्ष शेषनाथ सिंह की उपस्थिति रही। कार्यक्रम का संचालन मनाजी यादव ने किया। धरना के दौरान कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी 10 सूत्री मांगों को प्रमुखता से उठाया।

धरना में युवाओं को रोजगार एवं स्थायी नौकरी, पेपर लीक पर रोक और पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया, शिक्षा व्यवस्था में सुधार, छात्रावास की सुविधा, बढ़ते अपराध और भ्रष्टाचार पर नियंत्रण, महंगाई पर रोक, पलायन की समस्या का स्थायी समाधान, छात्र-नौजवानों के संवैधानिक अधिकारों की रक्षा, स्वास्थ्य, खेल व तकनीकी शिक्षा का विस्तार तथा किसान-मजदूरों के अधिकारों की गारंटी सहित भ्रष्टाचार मुक्त बिहार की मांग की गई। सभा को संबोधित करते हुए युवा राजद के जिलाध्यक्ष सत्येंद्र कुमार आजाद ने आरोप लगाया कि छात्र, युवा, किसान, मजदूर और आम नागरिक गंभीर समस्याओं से जूझ रहे हैं।

उन्होंने कहा कि बेरोजगारी, महंगाई, महिलाओं की सुरक्षा, किसानों की समस्याओं और छात्रों पर कथित बल प्रयोग जैसे मुद्दों पर केंद्र और राज्य सरकार पूरी तरह विफल साबित हुई है। मुख्य विंग के जिलाध्यक्ष शेषनाथ सिंह ने पेपर लीक की घटनाओं को लेकर केंद्र और राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता समाप्त हो गई है और दोषियों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं हो रही है। वहीं झुग्गी-झोपड़ी प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष संतोष भारती ने हाल के छात्र आंदोलनों के दौरान पुलिस कार्रवाई की आलोचना करते हुए आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे छात्रों के साथ बल प्रयोग किया गया।

उन्होंने कहा कि युवाओं की आवाज को दबाने का हर प्रयास लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है।कार्यक्रम में प्रदेश महासचिव निर्मल कुशवाहा, पूर्व प्रदेश महासचिव अखिलेश यादव, किसान प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष बबलू यादव, अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के जिलाध्यक्ष इफ्तखार अहमद, महिला सेल की जिलाध्यक्ष पूजा कुमारी, सुधीर गुप्ता, मनोज ठाकुर, रामशंकर कुशवाहा, ओमप्रकाश, भारत राय, जवाहर पासवान, आजाद खान, राजेश यादव, ददन पासवान, राजू पासवान, गुड्डू राज, राजीव कुमार सिंह, रामेश्वर सिंह, इंदल सिंह मुखिया, राजा खान सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।













