पटना, 19 जुलाई (अविनाश कुमार) बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव के मतदान से पहले राजनीतिक माहौल पूरी तरह गरमा गया है। भाजपा, राष्ट्रीय जनता दल (राजद) और जन सुराज अपने-अपने प्रत्याशियों के समर्थन में पूरी ताकत झोंक चुके हैं। इसी बीच जनशक्ति जनता दल (जेजेडी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष तेज प्रताप यादव के एक बयान ने चुनावी गलियारों में नई हलचल पैदा कर दी है। पार्टी उम्मीदवार वीणा मानवी के चुनाव मैदान से हटने के बाद यह चर्चा तेज हो गई थी कि जेजेडी आखिर किस दल का समर्थन करेगी, लेकिन तेज प्रताप ने फिलहाल सभी अटकलों पर विराम लगाते हुए फैसला टाल दिया है। तेज प्रताप यादव ने अपने सोशल मीडिया एक्स पर स्पष्ट किया कि जनशक्ति जनता दल ने अभी तक किसी भी राजनीतिक दल को समर्थन देने का निर्णय नहीं लिया है।

उन्होंने कहा कि पार्टी अगले एक-दो दिनों में सभी राजनीतिक परिस्थितियों और संभावनाओं पर सामूहिक रूप से विचार करेगी। इसके बाद पार्टी नेतृत्व अंतिम निर्णय लेकर सार्वजनिक रूप से घोषणा करेगा कि उपचुनाव में किस उम्मीदवार या दल का समर्थन किया जाएगा। इस बयान के बाद राजनीतिक विश्लेषकों की नजरें अब जेजेडी के अगले कदम पर टिक गई हैं। इधर, तेज प्रताप यादव ने राजद को एक और बड़ा झटका देते हुए उसकी वरिष्ठ नेत्री प्रतिमा सिंह को जनशक्ति जनता दल की सदस्यता दिला दी। इसकी जानकारी भी उन्होंने एक्स पर साझा की। तेज प्रताप ने लिखा कि प्रतिमा सिंह ने 33 वर्षों तक राजद की एक समर्पित और कर्मठ कार्यकर्ता के रूप में संगठन की सेवा की, लेकिन परिस्थितिवश उनके साथ न्याय नहीं हुआ।

इसी कारण उन्होंने जेजेडी का दामन थामने का निर्णय लिया।जेजेडी अध्यक्ष ने प्रतिमा सिंह का स्वागत करते हुए कहा कि उनकी पार्टी सम्मान और न्याय की लड़ाई में पूरी मजबूती के साथ उनके साथ खड़ी रहेगी। इस राजनीतिक घटनाक्रम ने बांकीपुर उपचुनाव की सियासत को और दिलचस्प बना दिया है।फिलहाल चुनावी मुकाबला भाजपा के नीरज कुमार सिन्हा, जन सुराज के प्रशांत किशोर और राजद की रेखा गुप्ता के बीच त्रिकोणीय माना जा रहा है। ऐसे में जेजेडी का समर्थन किस दल को मिलेगा, इसे लेकर राजनीतिक दलों से लेकर मतदाताओं तक की उत्सुकता चरम पर है। माना जा रहा है कि तेज प्रताप यादव का आगामी फैसला बांकीपुर उपचुनाव के समीकरणों को नया मोड़ दे सकता है और अंतिम चरण के चुनाव प्रचार की दिशा भी बदल सकता है।

















