पटना, 05 नवंबर (पटना डेस्क) सीवान मंडल कारा में गुरुवार को जिला प्रशासन की औचक छापेमारी के दौरान प्रतिबंधित सामानों की बरामदगी से जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए। तलाशी अभियान में मोबाइल फोन की बैटरी और घड़ी के पट्टे बरामद किए गए। जिलाधिकारी विजय प्रकाश मीणा ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि जेल में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए औचक निरीक्षण जरूरी है।जिलाधिकारी के नेतृत्व में अधिकारियों की टीम ने जेल के सभी सेल और पूरे परिसर की सघन जांच की। इस दौरान संवेदनशील और उच्च जोखिम वाले क्षेत्रों के साथ सीसीटीवी कैमरों की निगरानी से जुड़े अंधे धब्बों का भी निरीक्षण किया गया।

अधिकारियों ने जेल परिसर की साफ-सफाई और सैनिटाइजेशन पर विशेष जोर दिया।जिलाधिकारी ने बताया कि जेल में कैदियों की संख्या निर्धारित क्षमता से करीब 10 से 20 प्रतिशत अधिक है। भीड़भाड़ के बावजूद सीसीटीवी निगरानी, चिकित्सा सुविधाओं और अन्य व्यवस्थाओं की स्थिति संतोषजनक पाई गई। हालांकि, प्रतिबंधित सामानों की बरामदगी ने जेल के भीतर सुरक्षा नियंत्रण को और सख्त करने की आवश्यकता उजागर की है। निरीक्षण के बाद जिलाधिकारी ने सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए अतिरिक्त सीसीटीवी कैमरे लगाने, डॉक्टरों की रोटेशन के आधार पर तैनाती तथा खाद्य सुरक्षा अधिकारियों से नियमित रूप से भोजन की गुणवत्ता की जांच कराने के निर्देश दिए।जेल में लगातार निगरानी बनाए रखने के लिए प्रशासन ने नियमित छापेमारी की मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) भी तैयार की है।

इसके तहत अपर जिलाधिकारी और अनुमंडल पदाधिकारी की देखरेख में समय-समय पर तलाशी अभियान चलाया जाएगा।प्रशासन का उद्देश्य जेल में प्रतिबंधित वस्तुओं के प्रवेश पर रोक लगाने, सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद करने और कैदियों तथा जेलकर्मियों के लिए सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करना है।












