पटना, 19 जून (पटना डेस्क) बिहार के रेल इतिहास में एक नई शुरुआत करते हुए केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने छपरा-आनंद विहार टर्मिनल एक्सप्रेस का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने बिहार को रेलवे विकास का बड़ा केंद्र बताते हुए घोषणा की कि आने वाले वर्षों में राज्य को बुलेट ट्रेन परियोजना से जोड़ा जाएगा। इसके बाद पटना से दिल्ली की दूरी पांच घंटे से भी कम समय में तय की जा सकेगी।रेल मंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार बिहार में रेलवे के व्यापक विस्तार और आधुनिकीकरण के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने बताया कि नई ट्रेन सेवा की घोषणा निर्धारित समय से पहले पूरी कर ली गई है। हाल ही में पुणे-पटना रेल सेवा भी शुरू की गई है, जिससे यात्रियों को बड़ी सुविधा मिलेगी।

अश्विनी वैष्णव ने कहा कि वर्ष 2014 से पहले बिहार को रेलवे विकास के लिए करीब एक हजार करोड़ रुपये का बजट मिलता था, जो अब बढ़कर 10 हजार करोड़ रुपये प्रतिवर्ष हो गया है। इसी का परिणाम है कि राज्य में रेलवे की आधारभूत संरचना तेजी से मजबूत हो रही है। कई रेलखंडों पर तीसरी और चौथी लाइन बिछाने का कार्य जारी है।उन्होंने बताया कि बिहार में वर्तमान में 11 अमृत भारत एक्सप्रेस और 14 वंदे भारत ट्रेनों का संचालन हो रहा है। अगले पांच से आठ वर्षों के भीतर बिहार से 200 नई ट्रेनों का संचालन संभव हो सकेगा। वहीं मढ़ौरा रेल इंजन कारखाने में निर्मित लोकोमोटिव अब विदेशों को भी निर्यात किए जा रहे हैं। समारोह को संबोधित करते हुए बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने शिक्षा क्षेत्र में बड़े बदलाव का संकेत दिया। उन्होंने कहा कि राज्य के विद्यालयों को शाम और रात तक सक्रिय रखने की योजना बनाई जा रही है।

सरकार स्कूलों को रात 8 बजे तक संचालित करने की दिशा में काम कर रही है, ताकि विद्यार्थियों को नीट, जेईई और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की बेहतर तैयारी का अवसर मिल सके। मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार में औद्योगिक विकास को गति देने के लिए 11 नए टाउनशिप विकसित किए जा रहे हैं। इनमें छपरा में दो बड़े टाउनशिप की योजना शामिल है। कार्यक्रम में सांसद राजीव प्रताप रुडी, जनार्दन सिंह सिग्रीवाल सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे।















