समस्तीपुर, 08 जुलाई (हर्षिता “अश्क”) जिले के हसनपुर प्रखंड से सामने आया एक पारिवारिक विवाद इन दिनों पूरे इलाके में चर्चा का विषय बना हुआ है। परिवार के भीतर रिश्तों से जुड़ा यह मामला उस समय सुर्खियों में आ गया, जब चार बच्चों की मां और परिवार के ही एक युवक के साथ विवाह किए जाने का दावा सामने आया। पंचायत के दौरान कथित रूप से युवक द्वारा महिला की मांग में सिंदूर भरने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद गांव से लेकर आसपास के क्षेत्रों तक तरह-तरह की चर्चाएं तेज हो गई हैं। हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है। स्थानीय लोगों के अनुसार, महिला का पति लंबे समय से रोजगार के सिलसिले में दूसरे राज्य में रहकर काम करता है।

इसी दौरान महिला और उसके ज्येष्ठ के पुत्र के बीच नजदीकियां बढ़ीं। दोनों के संबंधों की जानकारी मिलने के बाद मामला परिवार के लोगों तक पहुंचा और बाद में ग्रामीणों की मौजूदगी में पंचायत बुलाई गई। पंचायत में दोनों पक्षों से बातचीत की गई। इसी दौरान युवक द्वारा महिला की मांग में सिंदूर भरने की बात सामने आई, जिसके बाद मामला पूरे इलाके में चर्चा का केंद्र बन गया।बताया जा रहा है कि युवक पहले से विवाहित है और उसकी एक बेटी भी है। वहीं महिला चार बच्चों की मां है। ऐसे में इस घटनाक्रम ने सामाजिक और पारिवारिक रिश्तों को लेकर कई तरह के सवाल खड़े कर दिए हैं। घटना के बाद महिला के पति ने उसे अपने साथ रखने से इनकार कर दिया।

जानकारी के अनुसार, महिला फिलहाल अपने मायके में रह रही है, जबकि उसके चारों बच्चे अपने पिता के पास हैं। इससे परिवार पूरी तरह बिखर गया है और दोनों पक्षों के बीच दूरी बढ़ गई है।सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो को लेकर भी लोगों के बीच अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। दावा किया जा रहा है कि वीडियो पंचायत के दौरान बनाया गया था, लेकिन इसकी आधिकारिक पुष्टि अब तक नहीं हो सकी है। वीडियो के वायरल होने के बाद यह मामला गांव से निकलकर व्यापक चर्चा का विषय बन गया है।इधर, पुलिस ने बताया कि फिलहाल इस मामले में किसी भी पक्ष की ओर से कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि शिकायत मिलने पर उपलब्ध तथ्यों के आधार पर जांच की जाएगी और कानून के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं ग्रामीणों के बीच इस घटना को लेकर मतभेद बना हुआ है। कुछ लोग इसे पारिवारिक रिश्तों की मर्यादा से जुड़ा गंभीर मामला मान रहे हैं, जबकि कुछ का कहना है कि यदि संबंधित सभी व्यक्ति बालिग हैं तो यह उनका व्यक्तिगत निर्णय भी हो सकता है। फिलहाल पूरे मामले पर गांव और प्रशासन दोनों की नजर बनी हुई है।













