• Home
  • मुख्य समाचार
  • आंगनबाड़ी केंद्रों की खुली पड़ताल: बक्सर में सामाजिक अंकेक्षण से परखी गई योजनाओं की हकीकत, जनता ने दिए अहम सुझाव
Image

आंगनबाड़ी केंद्रों की खुली पड़ताल: बक्सर में सामाजिक अंकेक्षण से परखी गई योजनाओं की हकीकत, जनता ने दिए अहम सुझाव

बक्सर, 20 जून (विक्रांत) समाज कल्याण विभाग, बिहार सरकार एवं आईसीडीएस निदेशालय, पटना के निर्देश पर शनिवार को बक्सर जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों पर सामाजिक अंकेक्षण (सोशल ऑडिट) का व्यापक आयोजन किया गया। इस दौरान आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से संचालित विभिन्न योजनाओं और सेवाओं की जमीनी स्थिति का मूल्यांकन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य योजनाओं में पारदर्शिता, जवाबदेही और गुणवत्ता सुनिश्चित करना रहा।

सामाजिक अंकेक्षण के दौरान लाभार्थियों, जनप्रतिनिधियों, जीविका समूहों, अभिभावकों तथा स्थानीय समुदाय के लोगों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की गई। लोगों ने केंद्रों पर उपलब्ध सुविधाओं, सेवाओं और योजनाओं के क्रियान्वयन को लेकर अपने सुझाव और अभिमत भी साझा किए। अधिकारियों ने इन सुझावों को गंभीरता से दर्ज कर भविष्य में सेवाओं को और बेहतर बनाने का भरोसा दिया।अंकेक्षण के दौरान पूरक पोषण आहार वितरण, पूर्व-प्राथमिक शिक्षा, बच्चों के टीकाकरण, स्वास्थ्य जांच, गर्भवती एवं धात्री महिलाओं को दी जा रही सुविधाओं समेत विभिन्न गतिविधियों की विस्तार से समीक्षा की गई।

केंद्रों पर उपलब्ध संसाधनों, बच्चों की उपस्थिति तथा लाभार्थियों को मिलने वाली सेवाओं का भी निरीक्षण किया गया।जिले के सभी प्रखंडों में बाल विकास परियोजना पदाधिकारियों, महिला पर्यवेक्षिकाओं और आंगनबाड़ी सेविकाओं के सहयोग से यह प्रक्रिया सफलतापूर्वक संपन्न कराई गई। अधिकारियों ने लाभार्थियों से सीधे संवाद कर योजनाओं के प्रभाव और उनकी उपयोगिता की जानकारी भी प्राप्त की। जिला प्रोग्राम पदाधिकारी, आईसीडीएस बक्सर ने सामाजिक अंकेक्षण के तहत डुमरांव प्रखंड के नया भोजपुर स्थित आंगनबाड़ी केंद्र संख्या 180 एवं 25 का निरीक्षण किया।

इस दौरान उन्होंने लाभार्थियों एवं स्थानीय लोगों से बातचीत कर केंद्रों की गतिविधियों की जानकारी ली।जिला प्रोग्राम पदाधिकारी ने कहा कि सामाजिक अंकेक्षण से आमजन की भागीदारी बढ़ती है और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में पारदर्शिता एवं उत्तरदायित्व सुनिश्चित होता है। उन्होंने कहा कि जनता की निगरानी और सुझावों से सरकारी योजनाएं अधिक प्रभावी और जनहितकारी बनती हैं।कार्यक्रम के अंत में उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों, पदाधिकारियों, कर्मियों, सेविकाओं एवं समुदाय के सदस्यों को सामाजिक अंकेक्षण में सक्रिय सहयोग के लिए धन्यवाद देते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार सहभागिता बनाए रखने की अपील की।

Releated Posts

स्कूल में डीएम ने खुद चखा मिड-डे मील: खुली बदइंतजामी की पोल, कम उपस्थिति और गंदगी पर प्रधानाध्यापक से जवाब तलब

बक्सर, 30 अगस्त (विक्रांत) जिला पदाधिकारी श्रीमती साहिला ने प्राथमिक विद्यालय उमरपुर (बालक) एवं (बालिका) का निरीक्षण कर…

कविवर यदुनंदन रसिक की याद में गूंजा साहित्य का स्वर: 21वीं पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा, प्रभात पुस्तकालय को फिर संवारने की पहल

समस्तीपुर, 30अगस्त (रामबालक राय) प्रभात पुस्तकालय के संस्थापक एवं कविवर यदुनंदन रसिक की 21वीं पुण्यतिथि पर जितवारपुर स्थित…

नशे के सौदागरों पर 51 हजार का जुर्माना, राजपुर में सैकड़ों ग्रामीणों ने लिया नशामुक्त पंचायत का संकल्प

पटना, 30 अगस्त (पटना डेस्क) सुपौल जिले के पिपरा थाना क्षेत्र के रामपुर पंचायत के राजपुर गांव में…

दरभंगा में आईटी क्रांति: आईटी पार्क में स्टार्टअप की बाढ़ लाने की तैयारी, युवाओं के लिए खुलेंगे रोजगार के नए दरवाजे

दरभंगा, 29 अगस्त (अजय राय) मिथिला में सूचना प्रौद्योगिकी और नवाचार को नई रफ्तार देने की कवायद तेज…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top