• Home
  • मुख्य समाचार
  • भ्रष्टाचार पर चला विभाग का बुलडोजर: बिहार में 9 राजस्व अधिकारियों पर बड़ी कार्रवाई, एक की बर्खास्तगी तय
Image

भ्रष्टाचार पर चला विभाग का बुलडोजर: बिहार में 9 राजस्व अधिकारियों पर बड़ी कार्रवाई, एक की बर्खास्तगी तय

पटना, 06 जून (अविनाश कुमार) बिहार के राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग में भ्रष्टाचार, लापरवाही और विभागीय आदेशों की अनदेखी के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी जवाबदेही मुहिम तेज हो गई है। राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल के निर्देश पर विभाग ने नौ अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी है। इनमें एक अधिकारी की सेवा समाप्त करने की अनुशंसा की गई है, जबकि अन्य के खिलाफ आरोप पत्र गठित कर विभागीय जांच की प्रक्रिया आरंभ कर दी गई है।

विभाग से मिली जानकारी के अनुसार 5 जून को मंत्री स्तर पर लिए गए निर्णय के बाद संबंधित अधिकारियों के खिलाफ आरोप तय करने, विभागीय जांच चलाने, पेंशन में कटौती और सेवा से बर्खास्तगी तक की कार्रवाई शुरू की गई है। सबसे सख्त कदम राजस्व अधिकारी-सह-कानूनगो सोनी कुमारी के खिलाफ उठाया गया है। उन पर वर्ष 2021 से बिना अनुमति अनुपस्थित रहने, विभागीय नोटिसों का जवाब नहीं देने और जांच प्रक्रिया में सहयोग नहीं करने के गंभीर आरोप लगे हैं। विभाग ने इन आरोपों को अत्यंत गंभीर मानते हुए उनकी सेवा समाप्त करने की अनुशंसा की है। वहीं सेवानिवृत्त अंचल अधिकारी नवीन भूषण पर दाखिल-खारिज मामलों के निपटारे में ‘फर्स्ट इन-फर्स्ट आउट’ (FIFO) नियम की अनदेखी, मनमाने तरीके से मामलों का निष्पादन और राजस्व वसूली में लापरवाही बरतने के आरोप सिद्ध पाए गए हैं।

इसके चलते एक वर्ष तक उनकी पेंशन में पांच प्रतिशत कटौती का फैसला लिया गया है। गया, गोपालगंज, सुपौल और वैशाली के कई तत्कालीन अंचल अधिकारियों एवं राजस्व कर्मियों के खिलाफ भी विभागीय कार्रवाई शुरू की गई है। इन अधिकारियों पर लंबित मामलों को जानबूझकर रोकने, दाखिल-खारिज में चयनात्मक रवैया अपनाने, विभागीय निर्देशों की अवहेलना करने तथा राजस्व महाअभियान में अपेक्षित रुचि नहीं लेने के आरोप लगाए गए हैं। मधुबनी के तत्कालीन अंचल अधिकारी अभय कुमार के खिलाफ भी कार्रवाई को आगे बढ़ाया गया है। उन्हें वर्ष 2025 में कथित रिश्वत मामले में निगरानी विभाग ने गिरफ्तार किया था। वहीं भोजपुर के राजस्व अधिकारी दयाशंकर झा पर भर्ती परीक्षा ड्यूटी के दौरान शराब के नशे में पाए जाने के आरोप में कार्रवाई का निर्णय लिया गया है। राजस्व मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने स्पष्ट कहा कि विभाग में भ्रष्टाचार, मनमानी और जनता के कार्यों में अनावश्यक देरी किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि पारदर्शी और जवाबदेह राजस्व प्रशासन के लिए आगे भी ऐसी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। उल्लेखनीय है कि इससे पहले 23 अंचल अधिकारियों पर कार्रवाई हो चुकी है। ताजा फैसले के बाद यह संख्या बढ़कर 32 हो गई है।

Releated Posts

कविवर यदुनंदन रसिक की याद में गूंजा साहित्य का स्वर: 21वीं पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा, प्रभात पुस्तकालय को फिर संवारने की पहल

समस्तीपुर, 30अगस्त (रामबालक राय) प्रभात पुस्तकालय के संस्थापक एवं कविवर यदुनंदन रसिक की 21वीं पुण्यतिथि पर जितवारपुर स्थित…

नशे के सौदागरों पर 51 हजार का जुर्माना, राजपुर में सैकड़ों ग्रामीणों ने लिया नशामुक्त पंचायत का संकल्प

पटना, 30 अगस्त (पटना डेस्क) सुपौल जिले के पिपरा थाना क्षेत्र के रामपुर पंचायत के राजपुर गांव में…

दरभंगा में आईटी क्रांति: आईटी पार्क में स्टार्टअप की बाढ़ लाने की तैयारी, युवाओं के लिए खुलेंगे रोजगार के नए दरवाजे

दरभंगा, 29 अगस्त (अजय राय) मिथिला में सूचना प्रौद्योगिकी और नवाचार को नई रफ्तार देने की कवायद तेज…

अररिया में दिखेगी डॉल्फिन की छलांग: मीरगंज-त्रिशूलिया घाट पर बनेगा डॉल्फिन व्यू प्वाइंट, इको टूरिज्म को मिलेगा बूम

पटना, 29अगस्त (पटना डेस्क) परमान नदी के मीरगंज घाट और त्रिशूलिया घाट पर अब पर्यटकों को गांगेय डॉल्फिन…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top