मधुबनी, 31 मई (आशीष यादव) बेनीपट्टी के एक निजी क्लीनिक में प्रसव के बाद महिला की मौत से रविवार को भारी बवाल खड़ा हो गया। आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने अस्पताल परिसर में जमकर हंगामा किया और तोड़फोड़ कर अपना विरोध जताया। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही बेनीपट्टी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रित करने में जुट गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएसपी अमित कुमार भी घटनास्थल पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया।मृतका की पहचान रहिका थाना क्षेत्र के डुमरी गांव निवासी 32 वर्षीय काजल देवी के रूप में हुई है।

बताया जाता है कि वह करीब दस दिन पहले अपने मायके खिरहर थाना क्षेत्र के सोनाई गांव आई थी। परिजनों के अनुसार, 28 मई को प्रसव के लिए उन्हें बेनीपट्टी स्थित एक निजी क्लीनिक में भर्ती कराया गया था। यहां ऑपरेशन के जरिए उन्होंने एक पुत्र को जन्म दिया। नवजात पूरी तरह स्वस्थ बताया जा रहा है, लेकिन प्रसव के बाद महिला की तबीयत लगातार बिगड़ती चली गई।परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन के दौरान गंभीर लापरवाही बरती गई, जिससे अत्यधिक रक्तस्राव हुआ। उनका दावा है कि ऑपरेशन चिकित्सक की पत्नी द्वारा किया गया, जबकि वह अधिकृत डॉक्टर नहीं हैं।

आरोप है कि हालत गंभीर होने के बावजूद समय पर समुचित उपचार नहीं दिया गया और बाद में महिला को रेफर कर दिया गया। महिला को दरभंगा के आरपी मेमोरियल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां दो दिनों तक इलाज चला। इलाज के दौरान शनिवार रात उसकी मौत हो गई। मौत की खबर मिलते ही परिजन शव लेकर संबंधित निजी अस्पताल पहुंचे और विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण जुट गए और अस्पताल परिसर में तोड़फोड़ की घटना हुई। मृतका की ननद ने मामले में प्राथमिकी दर्ज कराने के लिए आवेदन दिया है। परिजन चिकित्सकीय लापरवाही की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। पुलिस ने अस्पताल परिसर में सुरक्षा बढ़ा दी है। अधिकारियों का कहना है कि आवेदन, मेडिकल दस्तावेजों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर जांच की जा रही है। जांच रिपोर्ट के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।













