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नहीं होगी इलाज में देर : नालंदा सदर अस्पताल में शुरू होगी अत्याधुनिक ICU सेवा, गंभीर मरीजों को मिलेगी नई जिंदगी

नालंदा, 29 जून (अविनाश पांडेय) नालंदा जिले के मरीजों के लिए बड़ी राहत की खबर है। लंबे इंतजार के बाद बिहारशरीफ सदर अस्पताल में पांच बेड की अत्याधुनिक आईसीयू (गहन चिकित्सा इकाई) पूरी तरह तैयार हो गई है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सोमवार, 30 जून को ऑनलाइन माध्यम से इस महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सुविधा का विधिवत उद्घाटन करेंगे। आईसीयू सेवा शुरू होने से अब गंभीर मरीजों को समय पर इलाज मिलेगा और रेफर की मजबूरी काफी हद तक समाप्त हो जाएगी। अब तक सदर अस्पताल में आईसीयू सुविधा उपलब्ध नहीं होने के कारण हार्ट अटैक, ब्रेन स्ट्रोक, गंभीर सड़क दुर्घटना और सांस संबंधी गंभीर बीमारियों से पीड़ित मरीजों को पावापुरी मेडिकल कॉलेज रेफर करना पड़ता था।

लगभग 16 किलोमीटर की दूरी तय करने के दौरान कई मरीजों की हालत और गंभीर हो जाती थी, जबकि कई मामलों में समय पर उपचार नहीं मिलने से जान तक चली जाती थी। नई सुविधा शुरू होने से ऐसे मरीजों को तत्काल विशेषज्ञ चिकित्सा उपलब्ध कराई जा सकेगी।अस्पताल प्रबंधक मो. इमरान ने बताया कि आईसीयू के संचालन की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। यहां तीन विशेषज्ञ चिकित्सकों के अलावा अन्य डॉक्टरों की भी प्रतिनियुक्ति की गई है। मरीजों की 24 घंटे निगरानी के लिए 15 जीएनएम सहित कुल 21 नर्सिंग कर्मियों को तीन शिफ्टों में तैनात किया गया है। इसके अलावा साफ-सफाई, सुरक्षा और अन्य व्यवस्थाओं के लिए अलग से कर्मचारियों की तैनाती की गई है तथा सभी आवश्यक जीवनरक्षक दवाओं का पर्याप्त भंडार भी उपलब्ध करा दिया गया है।

पावापुरी मेडिकल कॉलेज के अधीक्षक डॉ. जकी अनवर जमां ने बताया कि मेडिकल कॉलेज पहले से ही नालंदा, नवादा और शेखपुरा के गंभीर मरीजों का प्रमुख उपचार केंद्र रहा है, जहां 12 बेड की आधुनिक आईसीयू और इमरजेंसी वार्ड में छह सुरक्षित बेड उपलब्ध हैं।स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि सदर अस्पताल में आईसीयू सेवा शुरू होने से गंभीर मरीजों की जान बचाने की संभावना बढ़ेगी। साथ ही पावापुरी मेडिकल कॉलेज पर बढ़ता दबाव भी कम होगा, जिससे दोनों अस्पतालों की स्वास्थ्य सेवाएं अधिक प्रभावी, सुलभ और गुणवत्तापूर्ण बन सकेंगी।

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