नालंदा, 18 जून (अविनाश पांडेय) नालंदा जिले के राजगीर थाना क्षेत्र स्थित झुनकिया बाबा मंदिर परिसर के निकट हुई चर्चित मॉब लिंचिंग घटना में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। विशेष अनुसंधान दल (एसआईटी) ने तकनीकी साक्ष्यों और वायरल वीडियो की जांच के आधार पर एक आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया है। वहीं इस सनसनीखेज मामले में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।जानकारी के अनुसार 15 जून 2026 को झुनकिया बाबा मंदिर परिसर के समीप चोरी के आरोप में दो व्यक्तियों को भीड़ ने घेर लिया था। आरोप है कि दोनों के साथ बेरहमी से मारपीट की गई, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए।

बाद में इलाज के लिए उन्हें पटना मेडिकल कॉलेज अस्पताल (पीएमसीएच) भेजा गया, जहां उपचार के दौरान दोनों की मौत हो गई। घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई थी।मामले की गंभीरता को देखते हुए नालंदा पुलिस अधीक्षक ने तत्काल एसआईटी का गठन कर जांच का जिम्मा सौंपा था। राजगीर थाना कांड संख्या 411/26 एवं 412/26 के अनुसंधान के दौरान पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज, सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का गहन विश्लेषण किया। जांच में मिले ठोस साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने कुंज बिहारीशरण (50 वर्ष), पिता किशोरी शरण, निवासी अयोध्याजी गोला घाट मंदिर, वर्तमान झुनकिया बाबा मंदिर, राजगीर को गिरफ्तार किया है।

पुलिस का कहना है कि गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ के आधार पर अन्य संदिग्धों की पहचान की जा रही है। नालंदा पुलिस ने दावा किया है कि घटना में शामिल शेष आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है और जल्द ही सभी को कानून के दायरे में लाया जाएगा। इधर पुलिस ने लोगों से अपील की है कि मामले से जुड़े वीडियो, फोटो या अन्य सामग्री को बिना सत्यापन सोशल मीडिया पर साझा न करें। प्रशासन ने चेतावनी दी है कि तनाव या वैमनस्य फैलाने वाली सामग्री प्रसारित करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की सोशल मीडिया सेल ऐसे खातों पर नजर रख रही है और आपत्तिजनक सामग्री हटाने की प्रक्रिया भी जारी है। मामले की जांच लगातार जारी है।















