नालंदा, 07 जुलाई (अविनाश पांडेय) नालंदा जिले के रहुई थाना क्षेत्र में मंगलवार को उस समय सनसनी फैल गई, जब बसानपुर गांव के समीप गोईठवा नदी किनारे एक बोरे में बंद महिला का सड़ा-गला शव बरामद हुआ। शव की स्थिति इतनी खराब थी कि उसकी पहचान नहीं हो सकी। घटना की सूचना मिलते ही इलाके में लोगों की भीड़ जुट गई, जबकि पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी।जानकारी के अनुसार, मंगलवार को कुछ चरवाहे और स्थानीय ग्रामीण गोईठवा नदी के किनारे से गुजर रहे थे। इसी दौरान उन्हें एक बोरे से तेज दुर्गंध आती महसूस हुई। संदेह होने पर ग्रामीणों ने तत्काल रहुई थाना पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष ललित विजय पुलिस बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और बोरे को खुलवाया। बोरे के अंदर साड़ी में लिपटा एक महिला का शव मिला, जो काफी हद तक सड़-गल चुका था।

शव की हालत को देखते हुए पुलिस का प्रारंभिक अनुमान है कि महिला की हत्या कहीं और की गई और पहचान छिपाने तथा साक्ष्य मिटाने की नीयत से शव को बोरे में बंद कर नदी किनारे फेंक दिया गया। हालांकि, पुलिस ने अभी तक हत्या की पुष्टि नहीं की है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की बात कही है। शव की स्थिति के कारण मृतका की उम्र और पहचान का पता लगाना फिलहाल जांच एजेंसियों के लिए सबसे बड़ी चुनौती बना हुआ है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए बिहारशरीफ सदर अस्पताल भेज दिया है। साथ ही घटनास्थल पर एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लैब) की टीम को बुलाया गया, जिसने वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने का कार्य शुरू कर दिया।

आसपास के इलाके की भी गहन तलाशी ली गई ताकि मामले से जुड़े अहम सुराग मिल सकें।थानाध्यक्ष ललित विजय ने बताया कि पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है तथा विभिन्न थानों में दर्ज गुमशुदगी के मामलों का भी मिलान कराया जा रहा है। इसके अलावा सोशल मीडिया के माध्यम से भी मृतका की पहचान कराने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि पहचान होते ही घटना के कारणों और आरोपितों तक पहुंचने में महत्वपूर्ण सफलता मिल सकती है।















