पटना, 26 जून (पटना डेस्क) मुहर्रम की नवमी पर गुरुवार देर रात से शुक्रवार की मध्यरात्रि तक औरंगाबाद शहर में निकले विभिन्न अखाड़ों के जुलूस कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और आपसी सौहार्द के माहौल में शांतिपूर्वक संपन्न हुए। रात करीब 12:30 बजे तक सभी अखाड़े सकुशल अपने-अपने इमामबाड़ों में लौट गए, जिसके बाद पुलिस-प्रशासन ने राहत की सांस ली। पूरे आयोजन के दौरान शहर हाई अलर्ट पर रहा और सुरक्षा एजेंसियां हर गतिविधि पर नजर बनाए रहीं।जुलूस को लेकर संवेदनशील इलाकों, प्रमुख चौक-चौराहों, मंदिरों तथा भीड़भाड़ वाले मार्गों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई थी। जगह-जगह बैरिकेडिंग, लगातार गश्त और निगरानी के कारण पूरे आयोजन के दौरान कानून-व्यवस्था पूरी तरह नियंत्रण में रही।

किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पुलिस बल पूरी तरह मुस्तैद रहा।नगर थानाध्यक्ष बबन बैठा स्वयं देर रात तक शहर के विभिन्न मार्गों का भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते रहे। उनके साथ नगर अंचल पुलिस इंस्पेक्टर फहीम आजाद खान, सब इंस्पेक्टर समीर कुमार सिंह, सुनील कुमार यादव, गोपाल कुमार, प्रदीप कुमार, संजीत कुमार, अनित कुमार, मोहम्मद अख्तर, परमानंद राय, परवीन कुमार सिंह और चंदन दास सहित बड़ी संख्या में पुलिस पदाधिकारी एवं जवान तैनात रहे।

जिला शांति समिति के सदस्य एवं पैगाम-ए-इंसानियत मुस्लिम समुदाय के अध्यक्ष शाहनवाज रहमान उर्फ सल्लू खान ने बताया कि प्रशासन और शांति समिति ने संयुक्त रूप से पूरे जुलूस की निगरानी की। वार्ड पार्षद सिकंदर हयात, अब्दुल्ला राजा, राजा खान, औरंगजेब खान, उस्ताद साबिर खान, रईस आजम खान, जियाउद्दीन खान और महताब खान सहित कई सामाजिक प्रतिनिधियों ने भी समन्वय बनाए रखा। सभी समुदायों के सहयोग, आपसी भाईचारे और प्रशासन की सतर्कता के कारण मुहर्रम की नवमी का आयोजन पूरी तरह शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।













