बक्सर, 08 जुलाई (विक्रांत) प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के क्रियान्वयन में तेजी लाने को लेकर जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। बुधवार को जिला पदाधिकारी श्रीमती साहिला की अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित कार्यालय कक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक में योजना की प्रगति का विस्तृत आकलन किया गया। बैठक में अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया गया कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी पात्र परिवारों तक योजना का लाभ समयबद्ध ढंग से पहुंचाया जाए। बैठक में उप विकास आयुक्त, सहायक समाहर्ता, प्रभारी पदाधिकारी विकास शाखा, निदेशक डीआरडीए, कार्यपालक अभियंता विद्युत आपूर्ति प्रमंडल सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

कार्यपालक अभियंता ने बताया कि चयनित संवेदक ने 15 जुलाई से सोलर रूफटॉप संयंत्रों की स्थापना में तेजी लाने का आश्वासन दिया है। इस पर जिला पदाधिकारी ने गुणवत्ता से समझौता किए बिना निर्धारित समय सीमा में कार्य पूरा कराने का निर्देश दिया। समीक्षा के दौरान बताया गया कि पीएम कुटीर ज्योति योजना के तहत बक्सर जिले के लिए 4,123 लाभार्थियों का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। लक्ष्य की शत-प्रतिशत प्राप्ति सुनिश्चित करने के लिए कार्यपालक अभियंता और जिला परियोजना प्रबंधक जीविका को अधिकाधिक पात्र लाभार्थियों की सहमति प्राप्त करने तथा अभियान को गति देने का निर्देश दिया गया। बैठक में यह भी सामने आया कि विभिन्न बैंक योजना के तहत ऋण स्वीकृति में अपेक्षित तत्परता नहीं दिखा रहे हैं, जिससे लाभार्थियों को परेशानी हो रही है।

इस पर जिला पदाधिकारी ने नाराजगी जताते हुए उप विकास आयुक्त को वरीय उप समाहर्ता बैंकिंग, अग्रणी जिला प्रबंधक और सभी बैंक शाखा प्रबंधकों की शीघ्र बैठक बुलाकर लंबित ऋण मामलों का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।डीएम ने प्रत्येक प्रखंड में विशेष जागरूकता एवं पंजीकरण शिविर आयोजित करने, पंचायत प्रतिनिधियों, जीविका समूहों, कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) तथा विद्युत विभाग के क्षेत्रीय कर्मियों के माध्यम से व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि योजना की पात्रता, आवेदन प्रक्रिया, बैंक ऋण, सब्सिडी और सोलर ऊर्जा के आर्थिक एवं पर्यावरणीय लाभों की जानकारी हर पात्र परिवार तक पहुंचनी चाहिए। बैठक में निर्णय लिया गया कि प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की साप्ताहिक समीक्षा जिला स्तर पर की जाएगी। प्रत्येक प्रखंड में आवेदन, बैंक ऋण, सोलर रूफटॉप स्थापना और सब्सिडी वितरण की नियमित निगरानी कर लक्ष्य के अनुरूप प्रगति सुनिश्चित की जाएगी।














