बक्सर, 20 जून (विक्रांत) राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET-2026) को लेकर बक्सर जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। 21 जून को होने वाली परीक्षा के मद्देनजर शहर की यातायात व्यवस्था में बड़े बदलाव किए गए हैं। परीक्षार्थियों को समय पर परीक्षा केंद्र तक पहुंचाने और शहर को जाममुक्त रखने के लिए प्रशासन ने कई प्रमुख मार्गों पर वाहनों की आवाजाही पर अस्थायी प्रतिबंध लगा दिया है।पुलिस उपाधीक्षक कार्यालय की ओर से जारी आदेश के अनुसार शनिवार सुबह 4 बजे से शाम 7 बजे तक शहर के कई संवेदनशील मार्गों पर चार पहिया वाहन, ई-रिक्शा, ऑटो और बसों के प्रवेश पर रोक रहेगी। हालांकि दोपहिया वाहनों को इस प्रतिबंध से छूट दी गई है।

प्रशासन का कहना है कि परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या ट्रैफिक जाम की स्थिति को रोकने के लिए यह कदम उठाया गया है। निर्देश के मुताबिक स्कामीनी माता मंदिर से पाण्डेय पट्टी मार्ग तक सभी प्रकार के चार पहिया वाहनों की आवाजाही पूरी तरह बंद रहेगी। इस क्षेत्र को परीक्षा के दृष्टिकोण से अत्यंत संवेदनशील माना गया है। यहां केवल पैदल या दोपहिया वाहनों से ही आवागमन संभव होगा। यातायात दबाव को कम करने के लिए प्रशासन ने वैकल्पिक मार्ग भी निर्धारित किए हैं। चार पहिया वाहन, बस और ऑटो गोलम्बर-बाईपास-ज्योति चौक-आईटीआई रोड-मठिया मोड़-दानी कुटिया मार्ग का उपयोग करेंगे। वहीं रेलवे स्टेशन जाने वाले यात्रियों के लिए अलग रूट तय किया गया है।

स्टेशन जाने वालों को अपने साथ वैध रेलवे टिकट रखना अनिवार्य होगा। प्रशासन ने इटाढ़ी की ओर जाने और वहां से आने वाले वाहनों के लिए भी अलग-अलग मार्ग निर्धारित किए हैं, ताकि परीक्षा केंद्रों के आसपास भीड़ न बढ़े और यातायात सुचारू बना रहे। इसके अलावा 21 जून को सुबह 4 बजे से रात 10 बजे तक शहर में भारी वाहनों, ट्रैक्टरों और पिकअप वाहनों के प्रवेश पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। हालांकि एंबुलेंस, रोगी वाहन और अन्य आवश्यक सेवाओं से जुड़े वाहनों को इस रोक से छूट दी गई है। प्रशासन ने नागरिकों से निर्धारित रूट का पालन करने और यातायात व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि हजारों अभ्यर्थियों के भविष्य को देखते हुए सुरक्षा और सुगम आवागमन सुनिश्चित करना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।













