
पूर्णिया, 15 सितम्बर (सहयोगी संवाददाता विक्रांत) सरकारी कर्मचारी का दर्जा और सम्मानजनक मानदेय पाने की मांग को लेकर आंगनबाड़ी सेविका-सहायिकाओं ने निर्णायक संघर्ष का बिगुल फूंक दिया है। बिहार राज्य आंगनबाड़ी कर्मचारी यूनियन (एटक से संबद्ध) की पूर्णिया जिला कमिटी का तृतीय सम्मेलन रविवार, 13 सितंबर 2026 को राजस्थान सेवा सदन में आयोजित हुआ। सम्मेलन में वक्ताओं ने एकजुट होकर लंबी लड़ाई लड़ने का आह्वान करते हुए देशव्यापी हड़ताल की तैयारी तेज करने की बात कही।सम्मेलन का उद्घाटन ऑल इंडिया आंगनबाड़ी वर्कर्स फेडरेशन की राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व विधान पार्षद उषा सहनी ने किया। अध्यक्ष मंडली में निवर्तमान अध्यक्ष अंजू सिंह कुशवाहा, महासचिव सुनील कुमार सिंह और पिंकी कुमारी शामिल रहीं।
संचालन एटक के जिला महासचिव कपिलदेव कुँअर ने किया। अतिथियों का अंगवस्त्र और फूलमालाओं से स्वागत किया गया।उद्घाटन भाषण में उषा सहनी ने कहा कि आईसीडीएस परियोजना के 50 वर्ष पूरे हो चुके हैं, लेकिन सेविका-सहायिकाओं को अब तक सरकारी कर्मचारी का दर्जा नहीं मिला है और सम्मानजनक मानदेय भी नहीं मिल रहा। उन्होंने कहा कि जब तक देशभर में आंगनबाड़ी कर्मी एकजुट होकर संघर्ष नहीं करेंगे, तब तक अधिकार हासिल करना कठिन होगा। उन्होंने देशव्यापी हड़ताल की तैयारी का संकेत देते हुए संगठन को मजबूत रखने की अपील की।राज्य महासचिव कुमार विंदेश्वर सिंह ने कहा कि पांच दशक बाद भी आंगनबाड़ी कर्मी न्यूनतम मजदूरी तक नहीं पहुंच सके हैं। उन्होंने राज्यकर्मी का दर्जा मिलने तक सेविका को 26 हजार और सहायिका को 18 हजार रुपये मानदेय देने की मांग की।

प्रदेश अंकेक्षक गौतम कुमार सिंह ने ग्रेच्युटी और मोबाइल संबंधी आदेश शीघ्र जारी करने तथा ऑनलाइन कार्य और एफआरएस के समुचित संचालन के लिए प्रत्येक केंद्र पर डाटा एंट्री ऑपरेटर नियुक्त करने की मांग उठाई। संजय कुमार भारती और प्रदेश उपाध्यक्ष पूनम श्रीवास्तव ने सदस्यता बढ़ाकर संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया। एटक जिला उपाध्यक्ष बुद्धिनाथ साह ने मांगों को जायज बताते हुए समर्थन का भरोसा दिया।सम्मेलन में 25 सदस्यीय नई जिला कमिटी गठित हुई। अंजू सिंह कुशवाहा को अध्यक्ष और सुनील कुमार सिंह को महासचिव पुनः निर्वाचित किया गया। उपाध्यक्ष पद पर अनिता कुमारी, आराधना सिंह और रजनी गंधा चुनी गईं। सचिव पद पर पिंकी कुमारी, मंजू कुमारी और पिंकी कुमारी तथा कोषाध्यक्ष पद पर माला कुमारी और अंकेक्षक पद पर प्रो. अरुण कुमार निर्वाचित हुए।














