समस्तीपुर, 15 जुलाई (हर्षिता “अश्क”) श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण विभाग की ओर से मंगलवार को विधि महाविद्यालय सभागार में एक दिवसीय ग्रामीण प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिले के सभी प्रखंडों से पहुंचे सैकड़ों असंगठित क्षेत्र के कामगारों, शिल्पकारों और श्रमिक प्रतिनिधियों ने भाग लिया। शिविर का उद्घाटन जिलाधिकारी रोशन कुशवाहा, जिला आपूर्ति पदाधिकारी अली एकराम तथा श्रम अधीक्षक गंगा सागर सिंह ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्ज्वलित कर किया।

कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी ने बिहार राज्य प्रवासी मजदूर दुर्घटना अनुदान योजना के तहत बिहार से बाहर दुर्घटना में जान गंवाने वाले 27 प्रवासी श्रमिकों के वैध आश्रितों के बीच लगभग 54 लाख रुपये के सांकेतिक चेक वितरित किए। इसके साथ ही बिहार शताब्दी असंगठित कार्यक्षेत्र कामगार एवं शिल्पकार सामाजिक सुरक्षा योजना-2011 के अंतर्गत पात्र मृतक श्रमिकों के आश्रितों को 50-50 हजार रुपये की सहायता राशि का भी सांकेतिक चेक प्रदान किया गया।

जिलाधिकारी ने बाल श्रम के खिलाफ कड़ा संदेश देते हुए कहा कि बच्चों से मजदूरी कराना कानूनन अपराध है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने श्रमिकों से सरकारी योजनाओं की जानकारी अपने-अपने गांवों तक पहुंचाने की अपील की। प्रशिक्षण शिविर में श्रमिकों को विभिन्न श्रम कानूनों, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं, पात्रता की शर्तों और लाभ प्राप्त करने की प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई।

साथ ही सभी प्रतिभागियों को श्रम कानूनों से संबंधित हस्तपुस्तिका भी वितरित की गई। कार्यक्रम में विभिन्न प्रखंडों के श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी, जिला स्तरीय अधिकारी और विभागीय कर्मी उपस्थित रहे। अंत में श्रम अधीक्षक गंगा सागर सिंह ने सभी प्रतिभागियों का आभार व्यक्त करते हुए शिविर के समापन की घोषणा की।













