नालंदा, 28 जून (अविनाश पांडेय) बिहार बोर्ड की 9वीं से 12वीं कक्षा की वार्षिक परीक्षा में शामिल होने वाले लाखों छात्र-छात्राओं के लिए शिक्षा विभाग ने बड़ा फैसला लिया है। अब बोर्ड परीक्षा के लिए निबंधन कराने हेतु ऑटोमेटेड परमानेंट एकेडमिक अकाउंट रजिस्ट्री (APAR) आईडी अनिवार्य कर दी गई है। जिन विद्यार्थियों के पास APAR आईडी नहीं होगी, उनका बोर्ड परीक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन स्वीकार नहीं किया जाएगा। विभाग के इस आदेश के बाद विद्यालयों में APAR आईडी बनाने की प्रक्रिया तेज हो गई है। इस संबंध में सर्व शिक्षा अभियान के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (डीपीओ) मो. शहनवाज ने जिले के सभी सरकारी एवं निजी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों और संचालकों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

उन्होंने स्पष्ट कहा कि भारत सरकार और शिक्षा विभाग द्वारा निर्धारित लक्ष्य के अनुसार 30 जून तक प्रत्येक विद्यार्थी की APAR आईडी हर हाल में तैयार कर ली जानी चाहिए। इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।डीपीओ ने बताया कि जिले में अभियान की लगातार निगरानी की जा रही है। अब बोर्ड परीक्षा के पंजीकरण के समय APAR आईडी के साथ विद्यालय का यू-डायस (U-DISE) कोड भी अनिवार्य होगा। इसलिए सभी विद्यालयों को समय-सीमा के भीतर शत-प्रतिशत विद्यार्थियों का पंजीकरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है। शिक्षा विभाग ने सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को अभिभावकों के साथ समन्वय स्थापित कर विद्यार्थियों की APAR आईडी शीघ्र बनवाने का निर्देश दिया है।

विभाग का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि तकनीकी या दस्तावेजों की कमी के कारण कोई भी छात्र-छात्रा बोर्ड परीक्षा से वंचित न रह जाए।विभाग ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि निर्धारित समय-सीमा के भीतर लक्ष्य पूरा करना सभी विद्यालयों की जिम्मेदारी है। यदि किसी विद्यालय की ओर से लापरवाही या उदासीनता बरती गई तो संबंधित संस्थान के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई की जाएगी। ऐसे में सरकारी और निजी विद्यालयों के लिए यह अभियान सर्वोच्च प्राथमिकता बन गया है। शिक्षा विभाग ने सभी स्कूलों से अपील की है कि वे प्रत्येक विद्यार्थी की APAR आईडी समय पर तैयार कर बोर्ड परीक्षा के लिए निर्बाध पंजीकरण सुनिश्चित करें।














