पटना, 22 सितम्बर (अविनाश कुमार) जमुई में छात्रा के साथ कथित छेड़छाड़ की घटना को लेकर जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर ने बिहार सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने घटना को गंभीर बताते हुए राज्य में महिलाओं और छात्राओं की सुरक्षा को लेकर सरकार से सवाल किए। प्रशांत किशोर ने कहा कि जमुई की घटना के साथ हाल के दिनों में सामने आए अन्य मामलों को देखते हुए कानून-व्यवस्था पर गंभीरता से विचार करने की जरूरत है।

उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के कार्यकाल में ऐसी घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। अपने बयान में उन्होंने नीट की छात्रा से जुड़ी घटना और बेगूसराय में लड़की को होटल से खींचे जाने के मामले का भी उल्लेख किया।उन्होंने कहा कि इन घटनाओं से सरकार के अपराध नियंत्रण संबंधी दावों पर सवाल खड़े होते हैं।
प्रशांत किशोर ने आरोप लगाया कि सरकार बिहार को अपराध मुक्त बनाने की बात करती है, लेकिन जमीनी स्तर पर इसके विपरीत तस्वीर दिखाई दे रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ अभियान पर भी प्रशांत किशोर ने टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि नारे में अब एक बात और जोड़ने की जरूरत है “खुद ही अपनी बेटी को पढ़ाओ और खुद ही अपनी बेटी को बचाओ।”

उन्होंने कहा कि परिवारों को अपनी बेटियों की शिक्षा और सुरक्षा को लेकर स्वयं सजग रहना होगा।प्रशांत किशोर के बयान के बाद जमुई की घटना को लेकर राजनीतिक बहस तेज हो गई है। इस बीच, मामले में पुलिस की कार्रवाई और जांच पर भी लोगों की नजर बनी हुई है। घटना से जुड़े तथ्यों और पुलिस जांच के आधार पर आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।













